फिल्म समीक्षा : लव नी भवाई, एक खूबसूरत त्रिकोणी प्रेम कहानी

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त्रिकोणी प्रेम कहानी पर आधारित हिंदी सिने जगत में बहुत सी फिल्में बनी हैं। उसमें से कुछ सफल तो कुछ असफल हुईं। और गुजराती फिल्म लव नी भवाई भी एक त्रिकोणी प्रेम कहानी पर आधारित है। पर, इसका अर्थ यह नहीं कि त्रिकोणी प्रेम कहानी पर आधारित फिल्म है, तो घि​सपिट ही होगी।

यहां पर त्रिकोणी प्रेम कथा के विचार को शादी की तरह सोचना चाहिये। जैसे दुनिया में हर कोई शादी करता है। लेकिन हर किसी का शादीशुदा जीवन एक सा नहीं होता। हर दंपति की अपनी ही एक कहानी होती है। ऐसे ही इस त्रिकोणी प्रेम कहानी का अपना ही आगाज है और अंत है।

संदीप पटेल निर्देशित फिल्म लव नी भवाई तीन युवाओं आरजे अंतरा, बिजनसमैन आदित्य और इंजीनियर सागर के इर्दगिर्द घूमती है। आदित्य को अंतरा से पहली नजर में प्यार हो जाता है। लेकिन, अंतरा के जीवन में प्यार जैसी चीज के लिए कोई जगह नहीं है जबकि सागर का प्यार के बिना जीना मुश्किल है।

सागर का 24वीं गर्लफ्रेंड के साथ ब्रेकअप आरजे अंतरा के कारण हो जाता है। ऐसे में सागर अंतरा से बदला लेने की योजना बनाता है। लेकिन, सागर की योजना से अनजान अंतरा सागर को दिल दे बैठती है। यहां पर प्रेम कहानी त्रिकोणी हो जाती है।

हालांकि, इस कहानी का क्लाईमैक्स भी अन्य त्रिकोणी प्रेम कहानियों जैसा ही है। लेकिन, क्लाईमैक्स को इस तरह से पेश किया गया है कि आप उसके साथ खुद को कनेक्ट करने से रोक नहीं पाएंगे और यहां कुछ नयापन सा महसूस होता है।

फिल्म लव नी भवाई का निर्देशन और संपादन दोनों ही बड़ी मुस्तैदी से किए गए हैं। निर्देशक संदीप पटेल ने कलाकारों से बेहतरीन काम लिया है। फिल्म लेखन भी बहुत खूबसूरत है। फिल्म के चुटीले संवाद गुदगुदाने पर मजबूर करते हैं तो भावनात्मक संवाद सोचने पर।

आरजे अंतरा के किरदार में अरोही पटेल प्रभावित करती हैं। मल्हार ठाकर सागर के किरदार को पर्दे पर जीवंत करने में सफल हुए हैं। प्रतीक गांधी ने आदित्य के किरदार के साथ पूरी तरह न्याय किया है। आरती पटेल, जो फिल्म निर्माता भी हैं, की मौजूदगी भी फिल्म को खूबसूरत बनाती है। इसके अलावा अन्य सहयोगी कलाकारों का अभिनय भी सराहनीय है।

फिल्म का सिनेमेटोग्राफी, बैकग्राउंड म्यूजिक और म्यूजिक पक्ष भी काफी मजबूत है। अंतराल से पहले फिल्म काफी मनोरंजक है जबकि अंतराल के बाद फिल्म त्रिकोणी प्रेम कहानी में बदलते ही काफी भावुक हो जाती है। हालांकि, अंत तक कहानी की गति कहीं भी प्रभावित नहीं होती है, जो कि काफी अच्छी बात है।

दिलचस्प बात तो यह है कि जहां फिल्म लव नी भवाई में अरोही पटेल आरजे अंतरा की भूमिका निभा रही हैं। वहीं, दूसरी ओर इस फिल्म के सामने रिलीज हुई फिल्म तुम्हारी सुलु में विद्या बालन भी आरजे सुलु की भूमिका में हैं।

कुल मिलाकर संदीप पटेल निर्देशित फिल्म लव नी भवाई प्रेम कहानियों पर बनी बेहतरीन फिल्मों में शामिल होने की हकदार फिल्म है। दूसरे शब्दों में कहें तो इस फिल्म को छोड़ना नहीं, बल्कि दोस्तों, परिवार और अन्य किसी के साथ देखकर एन्जॉय करना चाहिये।

फिल्म समीक्षक/कुलवंत हैप्पी